बिना क्लीनर ऐप के खाली करें स्मार्टफोन का स्टोरेज, जानें तरीका

स्मार्टफोन के स्टोरेज को थर्ड पार्टी क्लीनर ऐप्स की मदद से खाली करना अब खतरनाक हो सकता है। हाल में आई एक रिपोर्ट में कहा गया था कि ये ऐप यूजर डेटा की चोरी करते हैं। इसीलिए आज हम आपको कुछ ऐसे ट्रिक्स के बारे में बता रहे हैं जिनके जरिए आप बिना थर्ड पार्टी क्लीनिंग ऐप्स का इस्तेमाल किए अपने फोन के स्टोरेज के खाली कर सकते हैं।

स्मार्टफोन यूजर्स को अक्सर फोन के स्टोरेज फुल होने की समस्या का सामना करना पड़ता है। ऐसे में वे फोन में मौजूद फालतू फोटोज और विडियोज को डिलीट कर स्पेस बनाने की कोशिश करते हैं, लेकिन कुछ ही दिनों में यह समस्या फिर से सामने आ जाती है। वहीं, कुछ यूजर ऐसे भी हैं जो थर्ड पार्टी स्टोरेज क्लीनर ऐप्स का इस्तेमाल करते हैं। हालांकि, कुछ दिन पहले तक इन ऐप्स का इस्तेमाल करने में कोई बुराई नहीं थी, लेकिन हाल में आई एक रिपोर्ट में इन्हें खतरनाक बता दिया गया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि गूगल प्ले स्टोर पर कई ऐसे क्लीनर ऐप हैं जो यूजर डेटा की चोरी करने के साथ ही डिवाइस को भी नुकसान पहुंचाते हैं। इसीलिए आज हम आपको कुछ ऐसी ट्रिक्स के बारे में बता रहे हैं जिनसे आप बिना क्लीनर ऐप्स की मदद लिए अपने फोन के स्टोरेज को खाली कर सकते हैं।
1- Cache क्लियर करेंज्यादातर ऐंड्रॉयड ऐप्स यूजर एक्सपीरियंस को बेहतर बनाने के लिए cache (कैश) डेटा का इस्तेमाल करते हैं। कैश डेटा समय की बचत तो करता है, लेकिन यह फोन के इंटरनल स्टोरेज में काफी जगह ले लेता है। अगर इसे समय-समय पर क्लियर न किया जाए तो यह स्टोरेज कम करने के साथ ही फोन की स्पीड को भी धीमा कर देता है। बता दें कि किसी ऐप के सही ढंग से काम करने के लिए कैश डेटा की जरूरत नहीं पड़ती। यह केवल यूजर की सहूलियत के लिए होता है। ऐसे में बेहतर होगा कि जब भी आपको अपने फोन के स्टोरेज को खाली करने का ख्याल आए तो सबसे पहले आप कैश डेटा को डिलीट करें। यह तुरंत आपके फोन में स्टोरेज को बढ़ा देगा। हर ऐप यूजर को बेस्ट एक्सपीरियंस देने के लिए अपना कैश बनाता है। आप अपने स्मार्टफोन की सेटिंग में दिए गए स्टोरेज ऑप्शन में जाकर हर ऐप के कैश डेटा को क्लियर कर सकते हैं।

2- बैकअप हुए गूगल फोटोज को करें डिलीट
फोन में क्लिक की गई सभी फोटोज का गूगल फोटो ऑटोमैटिकली बैकअप ले लेता है। यह अच्छा भी है क्योंकि इससे यह पक्का हो जाता है कि आपके फोटो हमेशा सेफ रहेंगे और फोन खोने या बदलने की स्थिती में भी आप उन्हें ऐक्सेस कर सकेंगे। हालांकि, कई यूजर यह गलती करते हैं कि वे फोटो के बैकअप होने के बाद भी उसे डिवाइस पर सेव रखते हैं। ऐसा करने से फोन के स्टोरेज में कमी आती है। बेहतर होगा कि आप गूगल पर स्टोर हुए फोटोज को सिस्टम मेमरी से डिलीट कर दें। अगर आपको किसी कॉन्टेंट को तुरंत ऐक्सेस नहीं करना है तो आप गूगल फोटोज में दिए गए ‘Free up space’ ऑप्शन का इस्तेमाल कर सकते हैं। ऐसा करने से सारे फोटो फोन से तो डिलीट हो जाएंगे लेकिन क्लाउड पर सेव रहेंगे।

3- फालतू ऐप्स को करें डिलीट
हम में कई ऐसे यूजर हैं जिन्हें फोन में ढेरों ऐप रखने की आदत होती है। इन ऐप्स की संख्या 100 तक भी हो सकती है। मजेदार बात यह है कि इनमें से आधे ऐप ऐसे होते हैं जिनकी जरूरत केवल इंस्टॉल किए जाने के वक्त होती है। वहीं, कुछ ऐप्स ऐसे भी होते हैं जिन्हें हम महीनों से इस्तेमाल नहीं कर रहे। फोन के स्टोरेज के लिए अच्छा रहेगा कि इन फालतू ऐप्स की पहचान कर उसे डिलीट कर दिया जाए।

4- डाउनलोड फाइल्स को करें डिलीट
सभी स्मार्टफोन एक डाउनलोड फोल्डर के साथ आते हैं। इस फोल्डर को आमतौर पर ‘My Files’ में जाकर देखा जा सकता है। समय बीतने के साथ ही इसमें कई सारी डाउनलोड की हुई फाइलें सेव हो जाती है। इनमें से कुछ ही ऐसी होती होंगी जिनकी जरूरत डाउनलोड किए जाने के कुछ दिन बाद होती होगी। फोन के स्टोरेज का खाली करने के लिए बेहतर होगा कि उन फाइल्स को डिलीट कर दिया जाए जिसकी जरूरत न हो।

5-जंक फाइल्स को हटाएं
अगर ऊपर बताए गए तरीकों के बाद भी आपके फोन का स्टोरेज पूरा तरह फ्री नहीं हो रहा तो बेहतर होगा कि आप डिवाइस के जंक फाइल्स को डिलीट करें। जंक फाइल्स को डिलीट करने के लिए आप गूगल फाइल्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। जंक फाइल्स वे फाइलें होती हैं जो न तो कैश में दिखती हैं और ना हीं डाउनलोड्स में। नजर न आने के बावजूद भी ये स्मार्टफोन के स्टोरेज को कम करने का काम करती हैं। गूगल फाइल्स फोन में मौजूद ड्यूप्लिकेट फाइल्स को डिटेक्ट कर लेता है और यूजर को बताता है कि कौन से ऐप ज्यादा स्टोरेज ले रहे हैं।

6- एसडी कार्ड का करें इस्तेमाल
अगर आपके स्मार्टफोन का इंटरनल स्टोरेज आपकी जरूरत के हिसाब से कम है, तो बेहतर होगा कि आप एक एसडी कार्ड का इस्तेमाल करें। आजकल लगभग सभी फोन माइक्रो एसडी कार्ड स्लॉट के साथ आते हैं

Leave a comment

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.