Motorola One Vision यूजर्स को मिला Android 10 अपडेट

Motorola One Vision के लिए कंपनी ने Android 10 अपडेट रोलआउट करना शुरू कर दिया है और इस अपडेट के बाद फोन में कई नए फीचर्स ऐड हो जाएंगे…

Motorola ने पिछले साल नवंबर में अपने स्मार्टफोन One Vision के लिए Android 10 का बीटा अपडेट जारी किया था। वहीं अब कंपनी ने इसका फाइनल वर्जन भी रोलआउट कर दिया है। लेकिन फिलहाल कंपनी ने यह अपडेट केवल ब्राजील में ही रोल आउट किया है लेकिन उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही इसे भारत में समेत अन्य देशों में भी उपलब्ध कराया जाएगा। Android 10 अपडेट के साथ ही कंपनी ने Motorola One Vision स्मार्टफोन के लिए January 2020 एंड्राइड सिक्योरिटी पैच भी जारी किया है। 

 स्मार्टफोन के लिए Android 10 अपडेट को QSA30.62-24 वर्जन नंबर के साथ जारी किया गया है। इस अपडेट को स्मार्टफोन में डाउनलोड और इंस्टॉल करने के बाद कई नए फीचर्स ऐड हो जाएंगे। इसमें खास फीचर के तौर पर डार्क थीम शामिल होगा। इसके अलावा यूजर्स को लोकेशन परमिशन और नए जेस्चर आधारित नेविगेशन की सुविधा मिलेगी। लेकिन भारत में Motorola One Vision यूजर्स को अपडेट के लिए थोड़ा इंतजार करना पड़ेगा। भारत में इस स्मार्टफोन की कीमत 19,999 रुपये है और यह Flipkart पर सेल के लिए उपलब्ध है। फीचर्स की बात करें तो इसमें 6.3 इंच का फुल एचडी+ CinemaVision डिस्प्ले दिया गया है, जिसका स्क्रीन रेजोल्यूशन 1080×2520 पिक्सल है। यह फोन 2.2GHz octa-core Samsung Exynos 9609 चिपसेट पर काम करता है। इसमें 4जीबी रैम के साथ 128जीबी इंटरनल मेमोरी दी गई है। फोटोग्राफी के लिए Motorola One Vision में ड्यूल एलईडी फ्लैश के साथ ड्यूल रियर कैमरा सेटअप दिया गया है। इसमें 48 मेगापिक्सल का प्राइमरी सेंसर और 5 मेगापिक्सल का सेकेंडरी सेंसर मौजूद है। वहीं वीडियो कॉलिंग और सेल्फी की सुविधा के लिए फोन में 25 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा मिलेगा। फोन में 3,500एमएएच की बैटरी दी गई है। फोन में दी गई स्टोरेज को माइक्रोएसडी कार्ड के सपोर्ट से 512जीबी तक एक्सपेंड ​किया जा सकता है। इसमें फेस अनलॉक सपोर्ट, रियर फिंगरप्रिंट सेंसर और डॉल्बी ऑडियो जैसे फीचर्स भी दिए गए हैं।

Chandra Grahan 2020: अपने स्मार्टफोन से खींचना चाहते हैं परफेक्ट फोटो तो इन टिप्स पर दें ध्यान

अगर आप अपने स्मार्टफोन से चंद्र ग्रहण को कैमरे में कैद करना चाहते हैं तो हम आपको कुछ टिप्स दे रहे हैं जिससे आपक चंद्र ग्रहण की एक परफेक्ट फोटो खींच पाएंगे…10 जनवरी 2020 यानी कल चंद्र ग्रहण होगा जो देश के कुछ हिस्सों में दिखाई देगा। यह वर्ष का पहला चंद्र ग्रहण होगा। इस दिन सूरज, धरती और चंद्रमा करीब 4 घंटों के लिए एक लाइन में आ जाते हैं। भारतीय समयानुसार यह चंद्र ग्रहण 10 जनवरी रात 10:32 बजे से लेकर 11 जनवरी रात 2:42 बजे तक रहेगा। इस बार यह ग्रहण कोलकाता और नई दिल्ली समेत कुछ अन्य शहरों में देखा जा सकेगा।इस इवेंट को कैमरे में कैद करने के लिए प्रोफेशनल फोटोग्राफर्स ने तैयारियां पहले से ही शुरू कर दी होंगी लेकिन अगर आप अपने स्मार्टफोन से चंद्र ग्रहण को कैमरे में कैद करना चाहते हैं तो हम आपको कुछ टिप्स दे रहे हैं जिससे आपक चंद्र ग्रहण की एक परफेक्ट फोटो खींच पाएंगे।

स्मार्टफोन से चंद्र ग्रहण की एक परफेक्ट फोटो के लिए पढ़ें ये टिप्स:

  1. सबसे पहले अपने स्मार्टफोन को ट्राइपॉड में फिक्स करें। इससे फोन स्टेबल रहेगा।
  2. कैमरा सेंसर को डैमेज से बचाने के लिए उस पर लेंस प्रोटेक्टर लगाएं।
  3. फोटो खींचने के लिए किसी हाई स्पॉट जैसे छत पर जाएं।
  4. चांद धरती से करीब 3,84,400 किलोमीटर दूर है ऐसे में फ्लैश लाइट का इस्तेमाल न करें। फोटो खींचते समय HDR मोड का इस्तेमाल जरूर करें।
  5. सेल्फ-टाइमर फीचर का इस्तेमाल करें। इसके अलावा फोटो को शेक होने से बचाने के लिए आप रिमोट शटर फीचर का इस्तेमाल भी कर सकते हैं।
  6. फोटो को जूम कर न खींचें। इससे इमेज क्वालिटी खराब हो जाएगी।
  7. आपके समार्टफोन का जो मैक्सिमम रेजोल्यूशन है उस पर ही फोटो क्लिक करें।
  8. फोटो खींचते समय चंद्रमा पर टैप करें जिससे फोक्स अच्छा आए।
  9. एक्यूरेट शॉट के लिए बर्स्ट मोड का इस्तेमाल करें।
  10. अगर आपके फोन में टाइम-लैप्स फीचर है तो उसका स्तेमाल जरूर करें। इससे चंद्र ग्रहण की सिनेमैटकि वीडियो बनाई जा सकती है।
  11. एक्सपोजर और शटर स्पीड को मैनुअली एडजस्ट करने के लिए फोटो या तो मैनुअल मोड में खींचे या फिर Pro मोड में।
  12. फोटो खींचने के लिए आप Halide, Camera+, ProCam 2 समेत कुछ अन्य थर्ड पार्टी ऐप्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। इनमे से कुछ ऐप्स फ्री भी हैं।
  13. नाइट मोड का इस्तेमाल न करें। इससे पूरा फ्रेम ब्राइट हो जाएगा।
  14. फोटो खींचने के बाद आप एडिटिंग टूल का इस्तेमाल कर सकते हैं। 

Xiaomi ने लॉन्च की बच्चों के लिए स्मार्टवॉच, पेरेंट 24×7 कर सकेंगे ट्रैक

Xiaomi ने अपने स्मार्ट वियरेबल सेगमेंट में एक नया डिवाइस शामिल करते हुए Mitu Children Learning Watch 4Pro को लॉन्च किया है। इस स्मार्टवॉच को खास तौर से बच्चों को ध्यान में रखकर लॉन्च किया गया है और इसलिए इस डिवाइस में कई ऐसे फीचर्स दिए गए हैं जो कि बच्चों के लिए काफी उपयोगी हो सकते हैं। खास बात है कि इस स्मार्टवॉच के जरिए पेरेंट्स 24×7 बच्चों पर नजर रख सकेंगे। फिलहाल इसे चीनी मार्केट में लॉन्च किया गया है जहां इसकी कीमत CNY 1,299 यानि करीब 13,412 रुपये है और इसे Xiaomi Mall से खरीदा जा सकता है। हालांकि कंपनी ने भारत समेत अन्य में इसके लॉन्च से जुड़ी कोई जानकारी नहीं दी है।Mitu Children Learning Watch 4Pro में खास फीचर्स के तौर पर 2.5D कर्व्ड ग्लास के साथ 1.78 इंच डिस्प्ले दिया गया है। डिवाइस में 9H hardness की कोटिंग की गई है जो कि इसे स्क्रैच और हल्की बूंदों से बचाती है। वहीं इसमें एचडी ड्यूल कैमरा और ड्यूल जीपीएस कनेक्टिविटी की सुविधा उपलब्ध है। जीपीएस की मदद से डिवाइस को 24 घंटे ट्रैक किया जा सकता है। इसके अलावा 4G LTE और एनएफसी सपोर्ट भी मौजूद हैं।इस स्मार्टवॉच में 5 मेगापिक्सल का वाइड एंगल कैमरा सेंसर दिया गया है। जबकि सेकेंडरी सेंसर 8 मेगापिक्सल का है। यह Qualcomm Snapdragon Wear 2500 चिपसेट पर काम करती है। इसमें 1GB रैम और 8GB इंटरनल मेमोरी दी गई है। Android 8.1 ओएस पर पेश की गई इस स्मार्टवॉच को बच्चे आसानी से उपयोग कर सकते हैं। इस स्मार्टवॉच में कॉलिंग की भी सुविधा उपलब्ध है।

इसके अलावा अन्य फीचर्स की बात करें तो इस स्मार्टवॉच में दिए गए दो कैमरों में से एक का इस्तेमाल करके पेरेंट्स अपने बच्चों की एक्टिविटी पर पूरी नजर रख सकते हैं। यह AI learning machines सपोर्ट के साथ आती है और इसमें वॉयस असिस्टेंट फीचर भी दिया गया है। साथ ही बच्चे इसमें इंग्लिश, मैथ्स, सोशल, फन और लोजिकल समेत कई ऐप्स को एक्सेस कर सकते हैं जो उनके लिए काफी उपयोगी हो सकते हैं।

Realme C2s: दमदार बैटरी और तीन कैमरे वाला नया रियलमी फोन लॉन्च, कीमत है बेहद कम

Realme C2s, Realme C2s Price, Realme C2s Specifications: Oppo के सब-ब्रांड रियलमी का नया स्मार्टफोन हुआ लॉन्च, जानें कीमत और फीचर्स।Realme C2s: Oppo के सब-ब्रांड रियलमी ने हाल ही में अपने पहले 5G स्मार्टफोन Realme X50 5G को चीनी मार्केट में लॉन्च किया है। रियलमी एक्स50 5जी स्मार्टफोन के बाद अब Realme ने अपने नए स्मार्टफोन रियलमी सी2एस को भी लॉन्च कर दिया है। फिलहाल Realme C2s का एक ही कलर वेरिएंट डायमंड ब्लैक कलर वेरिएंट उतारा गया है।आप लोगों की जानकारी के लिए बता दें कि 9 जनवरी 2020 को रियलमी भारत में अपने लेटेस्ट स्मार्टफोन Realme 5i को लॉन्च करने वाली है। आइए अब आपको Realme C2s की कीमत और इसके स्पेसिफिकेशन के बारे में विस्तार से जानकारी मुहैया कराते हैं।

Realme C2s Price: रियलमी सी2एस को थाइलैंड में लॉन्च किया गया है। इसकी कीमत 1,290 Baht (लगभग 3,069 रुपये) है। अब आपको Realme ब्रांड के इस स्मार्टफोन के फीचर्स के बारे में जानकारी देते हैं। Realme C2s को भारत कब तक लाया जाएगा फिलहाल इस बारे में कोई भी जानकारी नहीं मिली है। टिप्स्टर सुंधाशु अंभोरे ने ट्वीट कर रियलमी सी2एस स्पेसिफिकेशन की जानकारी को साझा किया है।

Realme C2s

Realme C2s Specification: सबसे पहले बात डिस्प्ले की। फोन में 6.1 इंच आईपीएस एलसीडी डिस्प्ले (1560 x 720 पिक्सल) है। इसका आस्पेक्ट रेशियो 19.5:9 और स्क्रीन-टू-बॉडी रेशियो 80.3 प्रतिशत है। स्पीड और मल्टीटास्किंग के लिए 2.0 गीगाहर्ट्ज़ ऑक्टा-कोर मीडियाटेक हीलियो पी22 प्रोसेसर का इस्तेमाल के साथ 3 जीबी रैम है। यह Realme C2 का ही एक अवतार है।

फोटो, वीडियो और अन्य चीजों को सेव करने के लिए 32 जीबी स्टोरेज है, माइक्रोएसडी कार्ड की मदद से स्टोरेज को 128 जीबी तक बढ़ाना संभव है। फोन में 4,000 एमएएच की बैटरी मिलेगी। सॉफ्टेवयर की बात करें तो यह फोन एंड्रॉयड 9.0 पाई पर आधारित ColorOS 6.0 पर चलता है। इस फोन में एआई फेस अनलॉक फीचर भी दिया गया है। कनेक्टिविटी के लिए 4जी वीओएलटीई, ब्लूटूथ, वाईफाई, डुअल-सिम और माइक्रो यूएसबी पोर्ट मिलेगा।

Realme C2s Camera: रियलमी सी2एस के पिछले हिस्से में दो रियर कैमरे हैं, 13 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा सेंसर है। साथ में 2 मेगापिक्सल का कैमरा सेंसर दिया गया है। सेल्फी और वीडियो कॉलिंग के लिए 5 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा सेंसर मिलेगा।

Renault भारत में ला रहा इलेक्ट्रिक कार Zoe EV, ऑटो एक्सपो में होगी पेश

Renault Zoe EV की टेस्टिंग चल रही है। इसे भारत की कंडीशन्स, खासकर यहां के क्लाइमेट के हिसाब से उपयुक्त बनाने के लिए मॉडिफाई किया जा रहा है। इसके अलावा भारत में इसकी रेंज भी चेक की जा रही है।

navbharat times

Renault Zoe EVRenault भारतीय बाजार में इलेक्ट्रिक कार Zoe EV लाने की तैयारी कर रहा है। इसे फरवरी में ग्रेटर नोएडा में होने वाले ऑटो एक्सपो में पेश किया जाएगा। फिलहाल कंपनी Renault Zoe EV की टेस्टिंग कर रहा है। इसे भारत की कंडीशन्स, खासकर यहां के क्लाइमेट के हिसाब से उपयुक्त बनाने के लिए मॉडिफाई किया जा रहा है। इसके अलावा भारत में इसकी रेंज भी चेक की जा रही है।

रेनॉ की इस इलेक्ट्रिक कार में मॉडिफिकेशन की बात करें, तो कंपनी बैटरी के नीचे कुछ बदलाव करेगी, जिससे इसे फिजिकल डैमेज से अतिरिक्त सुरक्षा दी जा सके। यहां सड़कों पर अलग-अलग साइज के स्पीड ब्रेकर समेत अन्य स्थितियों को देखते हुए यह अतिरिक्त सुरक्षा आवश्यक मानी जा रही है। इसके अलावा भारत के हिसाब से कार में कुछ और मॉडिफिकेशन होंगे।
भारतीय बाजार में शुरुआत में आने वाली रेनॉ जोई ईवी के कुछ पार्ट्स भारत में असेंबल किए जाने की उम्मीद है। इस इलेक्ट्रिक कार में 90hp पावर वाला इलेक्ट्रिक मोटर और 41kWh बैटरी दी जा सकती है। एक बार फुल चार्ज होने पर इसकी रेंज 300-350 किलोमीटर तक रहने की उम्मीद है।

लॉन्चिंग और कीमत
रेनॉ की यह इलेक्ट्रिक कार भारत में साल 2020-21 में लॉन्च हो सकती है। इसकी कीमत करीब 14-16 लाख रुपये रहने की उम्मीद है।

सब-कॉम्पैक्ट एसयूवी भी लाएगा रेनॉ
जोई ईवी के अलावा ऑटो एक्सपो में रेनॉ कई और मॉडल प्रदर्शित करेगा। इनमें एक 4-मीटर से छोटी सब-कॉम्पैक्ट एसयूवी भी शामिल है। यह एसयूवी मारुति ब्रेजा, फॉर्ड इकोस्पोर्ट और टाटा नेक्सॉन जैसी एसयूवी के मुकाबले लॉन्च होगी। इसे रेनॉ काइगर नाम से बाजार में उतारा जा सकता है। रिपोर्ट्स में कहा गया है कि काइगर अपने सेगमेंट की सबसे कम दाम की एसयूवी होगी।

चोरी हुए मोबाइल फोन को करें ब्लॉक और ट्रैक, सरकार ने लॉन्च किया खास वेब पोर्टल

सरकार ने एक वेब पोर्टल लॉन्च किया है जिससे खोए या चोरी हुए मोबािल फोन को ढूंढना आसान हो जाएगा। इस पोर्टल की खास बात है कि यूजर इसकी मदद से अपने मोबाइल फोन को ब्लॉक करने के साथ ही उसे ट्रैक भी कर सकेंगे।

navbharat times

बढ़ते क्राइम और ऑनलाइन फ्रॉड के कारण आज के समय में मोबाइल फोन खोना किसी को भी बड़ी परेशानी में डाल सकता है। हालांकि, अब सरकार ने इससे निपटने के लिए एक वेब पोर्टल लॉन्च किया है, जो चोरी या खोए हुए मोबाइल फोन को ढूंढने में मदद करेगा। सोमवार को संचार एवं सूचना प्रोद्योगिकी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने यूजर्स के लिए इस पोर्टल को लॉन्च किया है। फिलहाल इस पोर्टल का लाभ दिल्ली-एनसीआर और मुंबई के यूजर्स उठा सकेंगे।

सितंबर में शुरू हुई थी टेस्टिंग
इस सिस्टम को सेंटर फॉर डिवेलपमेंट ऑफ टेलिमैटिक्स (CDOT) ने तैयार किया है। इसे डिवेलप करने में दिल्ली पुलिस और डिपार्टमेंट ऑफ टेलिकॉम ने भी की मदद की है। इस प्रॉजेक्ट की टेस्टिंग इसी साल सितंबर में शुरू हुई थी। तो आइए जानते हैं कि कैसे आप इस पोर्टल की मदद से अपने खोए या चोरी हुए मोबाइल फोन का पता लगा सकते हैं।

ऐसे लगाए गुम हुए मोबाइल फोन का पता
– सबसे पहले अपने मोबाइल फोन के चोरी या खोने की शिकायत नजदीकी पुलिस स्टेशन में दर्ज कराएं।
– नंबर ब्लॉक होने के बाद एफआईआर की कॉपी और आईडी प्रूफ के साथ नए सिम कार्ड के लिए अप्लाई करें।
– अब फोन के IMEI नंबर को ब्लॉक कराने के लिए ceir.gov.in पर जाएं।
– इस पोर्टल पर आपको रजिस्ट्रेशन फॉर्म भरना होगा।
– इसके बाद आपको एक रिक्वेस्ट आईडी मिलेगी।
– इस रिक्वेस्ट आईडी का इस्तेमाल आप अपने मोबाइल फोन को ट्रैक करने के लिए कर सकते हैं।
– मोबाइल फोन मिलने पर आप ब्लॉक किए गए IMEI को अनब्लॉक कर फिर से अपने मोबाइल फोन को इस्तेमाल कर सकते हैं।

टेलिकॉम ऑपरेटर शेयर करते हैं डेटा
खोए या चोरी हुए मोबाइल फोन को खोजने के लिए सेंट्रल आइडेंटिटी रजिस्ट्री सिस्टम तैयार किया गया है। इसकी खास बात है कि यह देश के सभी ऑपरेटर्स के imei डेटा बेस से कनेक्टेड है। टेलिकॉम ऑपरेटर सीआईआर में अपने नेटवर्क से जुड़े सभी यूजर्स के मोबाइल फोन का डेटा शेयर करते हैं ताकि चोरी या खोने की स्थिती में किसी दूसरे नेटवर्क पर इसका गलत इस्तेमाल न किया जा सके।

IMEI की क्लोनिंग पर लगेगी रोक
सभी मोबाइल में उनकी पहचान के लिए एक यूनीक IMEI नंबर होता है। यह नंबर रिप्रोग्रामेबल (बदलाव किए जा सकता है) होता है, जिसकी वजह से चोरी करने वाले जालसाज इसे रिप्रोग्राम कर देते हैं। इसके चलते IMEI की क्लोनिंग हो जाती है और एक ही IMEI नंबर पर कई फोन इस्तेमाल कर लिए जाते हैं। टेलिकम्युनिकेशन्स डिपार्टमेंट के मुताबिक, आज की तारीख में क्लोन/ड्यूप्लिकेट IMEI हैंडसेट के कई मामले सामने आते हैं। अगर ऐसे आईएमईआई नंबर ब्लॉक कर दिए जाएं, तो जिनका मोबाइल चोरी हुआ है, उन्हें परेशान होना पड़ेगा। इस वजह से डुप्लिकेट और फेक आईएमईआई वाले फोन से छुटकारा पाने की जरूरत है। इसी समस्या के लिए इस पोर्टल को शुरू किया गया है।

गलती से डिलीट हो गया WhatsApp मेसेज? ऐसे पाएं वापस

कई बार ऐसा होता है कि हम गलती से कोई जरूरी मेसेज डिलीट कर बैठते हैं। यहां हम आपको ऐसे ही कुछ तरीकों के बारे में बता रहे हैं जिनसे आप डिलीट किया हुआ मेसेज वापस Recover कर सकते हो।

navbharat times

दुनिया के सबसे पॉप्युलर इंस्टेंट मेसेजिंग ऐप  का इस्तेमाल हम सभी करते हैं। कंपनी अपने यूजर्स की सुविधा के लिए नए-नए फीचर्स लाती रहती है। लेकिन कई बार ये फीचर्स हमारे लिए मुश्किल सबब बन जाते हैं। ऐसा ही एक फीचर हैका डिलीट मेसेज फीचर। कई बार ऐसा होता है कि हम गलती से कोई जरूरी मेसेज डिलीट कर बैठते हैं। यहां हम आपको ऐसे ही कुछ तरीकों के बारे में बता रहे हैं जिनसे आप डिलीट किया हुआ मेसेज वापस Recover कर सकते हो। हालांकि आपको यह ध्यान रखना होगा कि अगर यह मेसेज आपके बैकअप लेने के बाद आया है तब यह रिकवर नहीं हो सकेगा।

कैसे रिकवर करें डिलीट हुआ वॉट्सऐप मेसेज
1. लोकल स्टोरेज के जरिए
यह तरीका सिर्फ ऐंड्रॉयड यूजर्स के लिए काम करता है, iOS यूजर्स के लिए नहीं।
सबसे पहले अपने फाइल मैनेजर को ओपन करें।
यहां WhatsApp फोल्डर में जाएं, फिर Database पर क्लिक करें।
इस फोल्डर में वॉट्सऐप की सभी बैकअप फाइल रहती हैं।
msgstore.db.crypt12 नाम की फाइल पर थोड़ी देर प्रेस करें और नाम को एडिट करें।
नया नाम msgstore_backup.db.crypt12 रख दें। ऐसा इसलिए किया गया क्योंकि यह नई फाइल से रिप्लेस न हो जाए।
अब सबसे लेटेस्ट बैकअप फाइल का नाम msgstore.db.crypt12 रख दें।
अब गूगल ड्राइव में जाएं और अपने वॉट्सऐप बैकअप को डिलीट कर दें।
अब वॉट्सऐप को अनइंस्टॉल करने के बाद फिर से इंस्टॉल करें।
फिर से वॉट्सऐप चालू करने पर यह लोकल स्टोरेज से बैकअप लेने के लिए पूछेगा।
यहां msgstore.db.crypt12 फाइल को सिलेक्ट करने के बाद Restore पर टैप करें।
अब आपका मेसेज आपको मिल जाएगा।

2. Google Drive या iCloud के जरिए
इस तरीके का इस्तेमाल आईफोन और ऐंड्रॉयड दोनों तरह के यूजर्स कर सकते हैं।
अपने स्मार्टफोन से वॉट्सऐप को अनइंस्टॉल करने के बाद फिर से इंस्टॉल करें।
फिर से वॉट्सऐप चालू करने पर यह गूगल ड्राइव या iCloud से बैकअप मांगेगा।
बैकअप को रिस्टोर कर लें।
पूरी चैट के साथ आपका मेसेज भी वापस आ जाएगा।

Google Play Store पर फर्जी ऐप्स की भरमार, ऐसे करें असली और नकली की पहचान

गूगल प्ले स्टोर पर फर्जी ऐप्स की संख्या काफी बढ़ गई है। ये फेक ऐप दिखने में बिल्कुल ऑरिजनल ऐप्स की तरह होते हैं। इन ऐप्स को डाउनलोड करने से यूजर्स के पर्सनल डेटा को काफी नुकसान पहुंच सकता है।

navbharat times

स्मार्टफोन्स के आने से जहां इंटरनेट से जुड़े कई काम आसान हो गए हैं, वहीं दूसरी तरफ इससे हमारी प्रिवेसी पर भी खतरा बढ़ा है। आए दिन ऐसी खबरें सुनने को मिलती हैं जिनमें हैकर्स द्वारा यूजर्स के डेटा और बैंक अकाउंट से पैसों की चोरी की घटना का जिक्र होता है। हैकर्स आमतौर पर स्मार्टफोन यूजर्स को फर्जी और वायरस वाले ऐप्स के द्वारा अपना शिकार बनाते हैं। इन ऐप्स में हैकर वायरस के साथ मलीशस कोड डालते हैं जिनसे उन्हें यूजर के स्मार्टफोन का पूरा ऐक्सेस मिल जाता है। हाल के दिनों में पर मौजूद खतरनाक ऐप्स के बारे में कई रिपोर्ट्स भी आई थीं जिनमें रिसर्चर्स ने इन ऐप्स को तुरंत अनइंस्टॉल करने की सलाह दी थी।

गूगल प्ले स्टोर की सिक्यॉरिटी पॉलिसी काफी कड़ी है, लेकिन कुछ ऐप डिवेलपर इसे आसानी से बाईपास कर अपने फर्जी ऐप्स को प्ले स्टोर तक पहुंचा देते हैं। इसमें चिंता कि बात यह भी है कि इनमें से कई ऐप ऑरिजनल ऐप्स के ड्यूप्लिकेट वर्जन होते हैं। ज्यादातर यूजर इन्हें पहचानने में गलती करते हैं और अनजाने में अपने फोन का ऐक्सेस हैकर्स को दे देते हैं। इसीलिए यहां हम आपको कुछ ऐसी ट्रिक्स के बारे में बता रहे हैं जिनसे कि आप प्ले स्टोर पर फर्जी ऐप्स को आसानी से पहचान सकेंगे।

ऐप्स पर ध्यान दें
प्ले स्टोर पर ऐप सर्च करने के दौरान एक ही ऐप के कई ऑप्शन सामने आ जाते हैं। इनमें से सही को चुनना कई बार काफी मुश्किल हो जाता है। अगर आपको भी इस समस्या का सामना पड़ता है, तो बेहतर होगा कि आप लिस्ट हुए ऐप्स को ध्यान से देखें। ऑरिजनल ऐप्स के मुकाबले फर्जी ऐप्स के आइकन में जरूर कुछ कमी नजर आएगी। अगर आइकन में आपको कोई फर्क नजर नहीं आता तो ऐप के नाम की स्पेलिंग में कुछ न कुछ गड़बड़ी होगी। इन खामियों से आप बड़ी आसानी से फर्जी ऐप को पहचान पाएंगे।

ऐप और डिवेलपर को वेरिफाइ करें
फर्जी ऐप्स बनाने वाले डिवेलपर कई बार ऑरिजनल ऐप और उसके डिवेलपर के नाम को बड़ी बारिकी से कॉपी कर लेते हैं। हालांकि, इसमें कई ऐसी चीजें भी हैं जिन्हें फर्जी ऐप डिवेलपर कॉपी नहीं कर सकते। असली ऐप डिवेलपर का नाम यूजर्स को आसानी से दिख जाते हैं। वहीं, फर्जी डिवेलपर अपनी डीटेल को जल्दी सामने नहीं लाते।

कितनी बार हुआ है डाउनलोड
ऐप असली है या नकली इसकी पहचान का सबसे आसान तरीका डाउनलोड काउंट है। इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, फेसबुक और वॉट्सऐप प्ले स्टोर पर मौजूद सबसे ज्यादा पॉप्युलर ऐप्स में से एक हैं। इनके फर्जी ऐप आसानी से पकड़ में आ सकते हैं। इन ऑरिजनल ऐप्स का दुनियाभर में करोड़ों बार डाउनलोड किया गया है और प्ले स्टोर पर इनके डाउनलोड काउंट की जानकारी भी दी जाती है। ऐसे में अगर किसी पॉप्युलर ऐप का कोई फर्जी ऐप टॉप लिस्ट में दिख रहा है तो उसे आप डाउनलोड काउंट देखकर पहचान सकते हैं।

यूजर रिव्यू को पढ़ें
कोई ऐप फेक है या ऑरिजनल इसकी पहचान आप यूजर रिव्यू से भी कर सकते हैं। फर्जी ऐप डिवेलपर अपने ऐप को सही बताने के लिए कई पॉजिटिव रिव्यू पोस्ट करते हैं, लेकिन इन्हीं में आपको कुछ ऐसे रिव्यू भी मिल जाएंगे जो इन ऐप्स की असलियत बता रहे होंगे। अगर आपको ऐसा कोई भी रिव्यू मिलता है जिसमें उस फर्जी ऐप के बारे में निगेटिव कॉमेंट किया गया हो तो उसे इंस्टॉल करने से बचें।

फर्जी ऐप दिखने पर क्या करें
गूगल प्ले स्टोर पर अगर आपका किसी फर्जी ऐप से पाला पड़ता है, तो आप उसे कभी डाउनलोड न करें। इसके साथ ही बेहतर होगा कि आप उस ऐप को रिपोर्ट करें ताकि यह जान सके कि उस ऐप में कोई गड़बड़ी है। इसके लिए आप उस फर्जी ऐप को फ्लैग भी कर सकते हैं। फेक ऐप को फ्लैग करने के लिए आपको पेज में नीचे की तरफ ‘Flag As Inappropriate’ का ऑप्शन मिलेगा। इसपर क्लिक कर आप किसी भी फर्जी ऐप को फ्लैग और रिपोर्ट कर सकते हैं।

Realme X50 5G स्मार्टफोन हुआ लॉन्च, 64MP कैमरा और फास्ट चार्जिंग टेक्नॉलजी से है लैस

चीन की स्मार्टफोन बनाने वाली कंपनी रियलमी ने अपना पहला 5G रेडी स्मार्टफोन Realme X50 लॉन्च कर दिया है। पिछले कई दिनों से यूजर्स को इस फोन के लॉन्च होने का इंतजार था। फोन के बारे में लगातार आ रही लीक्स ने यूजर्स की एक्साइटमेंट को काफी बढ़ा दिया था। रियलमी X50 में क्वॉड रियर कैमरा के साथ पावरफुल प्रोसेसर और 120Hz के रिफ्रेश रेट वाला डिस्प्ले दिया गया है। फोन की एक और खासियत है कि यह फास्ट चार्जिंग सपॉर्ट के साथ आता है। तो आइए डीटेल में जानते हैं कि रियलमी के इस सबसे पहले 5G स्मार्टफोन में क्या कुछ है खास।

रियलमी X50 5G के स्पेसिफिकेशन्स
फोन में 1080×2400 पिक्सल रेजॉलूशन के साथ 6.57 इंच का फुल एचडी IPS डिस्प्ले दिया गया है जिसका आस्पेक्ट रेशियो 20:9 है। फोन का स्क्रीन-टू-बॉडी रेशियो 90.4 प्रतिशत है। 6जीबी+64जीबी, 8जीबी+128जीबी और 12जीबी+256जीबी वेरियंट में आने वाले इस फोन में स्नैपड्रैगन 765G प्रोसेसर दिया गया है।

फटॉग्रफी के लिए फोन में क्वॉड रियर कैमरा सेटअप दिया गया है। इसमें सैमसंग GW1 सेंसर से लैस 64 मेगापिक्सल के प्राइमरी कैमरे के साथ 8 मेगापिक्सल का अल्ट्रा-वाइड ऐंगल लेंस, 12 मेगापिक्सल का टेलिफोटो लेंस और 2 मेगापिक्सल का मैक्रो लेंस मौजूद है। कैमरा ड्यूल एलईडी फ्लैश, 20x जूम और 4K विडियो रिकॉर्डिंग जैसे कई शानदार फीचर के साथ आता है। सेल्फी के लिए फोन में 8 मेगापिक्सल का कैमरा दिया गया है जो Sony IMX 471 सेंसर के साथ आता है।फोन को पावर देने के लिए इसमें 4200mAh की बैटरी दी गई है जो 30 वॉट की VOOC 4.0 फ्लैश चार्ज टेक्नॉलजी के साथ आती है। कंपनी का दावा है कि यह 30 मिनट में फोन की बैटरी को 70 प्रतिशत तक चार्ज कर देता है। कनेक्टिविटी के लिए फोन में ड्यूल फ्रीक्वेंसी जीपीएस, वाई-फाई 802.11ac, C ब्लूटूथ 5.0 और यूएसबी टाइप-C जैसे ऑप्शन दिए गए हैं।

कीमत और उपलब्ता

रियलमी ने इस फोन को अभी केवल चीन में लॉन्च किया है। फोन की शुरुआती कीमत 2,499 युआन (करीब 25,800 रुपये) है। कंपनी ने रियलमी X50 का एक मास्टर एडिशन भी लॉन्च किया है। फीचर्स के मामले में यह काफी हद तक नॉर्मल वेरियंट जैसा ही है। 12जीबी रैम और 256जीबी के स्टोरेज के साथ आने वाले इस फोन की कीमत चीन में 3,099 युआन (करीब 32 हजार रुपये) है। इन दोनों फोन को भारत में कब तक पेश किया जाएगा इस बारे में अभी कोई जानकारी नहीं दी गई है। हालांकि, जिस रफ्तार से रियलमी अपने नए स्मार्टफोन्स को लॉन्च कर रही है उससे यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि और इसका मास्टर एडिशन भी भारत में जल्द एंट्री करेंगे।

स्मार्टफोन हैक करके लूटने का बढ़ रहा है जाल, क्या हैं इनसे बचने के तरीके

स्मार्टफोन ने लोगों की जिन्दगी में अपनी अलग जगह बना ली है। आमतौर पर लोग इस डिवाइस के जरिए एक-दूसरे के साथ जुड़े रहते हैं। साथ ही लोग इन डिवाइसेज में जरूरी तस्वीरें, वीडियो और डॉक्यूमेंट्स स्टोर करते हैं। सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने के साथ-साथ इसे हैकिंग के लिए भी टार्गेट किया जाता है। हैकर्स यूजर्स की एक गलती या असावधानी का फायदा उठाकर उन्हें नुकसान पहुंचाते हैं। निजी डाटा को सुरक्षित रखने के लिए खुद ही सख्त कदम उठाने होंगे। आए दिन लोगों के फोन हैक हो रहे हैं और फिरौती के तौर पर उनसे पैसे मांगे जा रहे हैं। चलिए आज जानते हैं कि यदि फोन हैक हो जाए तो क्या करना चाहिए और कैसे आप अपने मोबाइल को सुरक्षित रख सकते हैं…

मोबाइल के ऑपरेटिंग सिस्टम समय-समय पर करें अपडेट

अगर आप भी अपने डिवाइस को हैक होने से बचाना चाहते हैं, तो आपको समय-समय पर ऑपरेटिंग सिस्टम को अपडेट करना होगा। आप अपने फोन में लेटेस्ट अपडेट के लिए नोटिफिकेशन सेट कर सकते हैं। वहीं, दूसरी तरफ हैकर्स भी पुराने ऑपरेटिंग सिस्टम को हैक करने की लगातार कोशिश करते रहते हैं।

password

3 of 7password

स्मार्टफोन पर जरूर सेट करें पासवर्ड 

अपने स्मार्टफोन पर मुश्किल पासवर्ड जरूर सेट करें, जिससे कोई भी आपके फोन को एक्सेस ना कर सकें। हमेशा ध्यान रखें कि आपका पासवर्ड आठ से दस लेटर्स का होना चाहिए, जिसमें एक बड़ा लेटर और छोटा लेटर होना जरूरी है।

पब्लिक वाई-फाई का यूज न करें

हैकर की नजर सबसे ज्यादा पब्लिक वाई-फाई पर होती है। इसलिए जहां तक संभव हो इंटरनेट के लिए मोबाइल डाटा का ही इस्तेमाल करें। या फिर ज्यादा जरूरी हो तो किसी दोस्त से हॉट्स-पॉट ले लें।

android mobile apps

थर्ड पार्टी से ऐप डाउनलोड न करें

भूलकर भी किसी थर्ड पार्टी से ऐप डाउनलोड न करें। कई बार मैसेज में भी ऐप डाउनलोडिंग के लिंक आते हैं इनसे बचकर रहें। ऐप डाउनलोड करना हो तो ऐप स्टोर या प्ले स्टोर से ही करें।

mobile apps

6 of 7mobile apps

एंटी वायरस एप का करें इस्तेमाल

वैसे तो फोन में एंटी वायरस की कोई खास जरूरत नहीं है लेकिन सिक्योरिटी के बढ़ते खतरे को देखते हुए एंटी वायरस रखना जरूरी हो गया है। प्ले स्टोर पर आपको AVG Free और Avast फ्री में मिल जाएंगे। या फिर आप पैसे खर्च करके Norton या Kaspersky का एंटी वायरस खरीद सकते हैं। अगली स्लाइड में जानें फोन हैक हो जाने पर क्या करना चाहिए…

बैंक अकाउंट

7 of 7बैंक अकाउंट

जैसे ही आपको संदेह हो कि आपका फोन हैक हो गया है तो सबसे पहले इंटरनेट बंद कर दें। दूसरा काम अपने फोन में दिख रहे किसी भी संदिग्ध एप को डिलीट करें। फाइल मैनेजर में जाकर चेक करें कि वहां कोई ऐसी फाइल तो नहीं है जिसे आप नहीं जानते हैं। उसे तुरंत डिलीट करें। यदि हैकिंग के बाद आपके बैंक अकाउंट से पैसा निकल गया है तो तुरंत अपने बैंक के नजदीकी ब्रांच में संपर्क करें। साइबर पुलिस को हैकिंग के बारे में जानकारी दें।